उत्तर प्रदेश

Ballia: गंगा का बढ़ता जलस्तर बना खतरा, बलिया के 10 गांव जलमग्न

Admindelhi1
3 Aug 2025 2:12 PM IST
Ballia: गंगा का बढ़ता जलस्तर बना खतरा, बलिया के 10 गांव जलमग्न
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बलिया: जिले में गंगा नदी का जलस्तर लगातार तेजी से बढ़ रहा है और अब यह हाई फ्लड लेवल के करीब पहुंच चुका है। हालात इतने गंभीर हो गए हैं कि 10 से अधिक गांवों और बलिया शहर के निचले इलाकों में बाढ़ का पानी प्रवेश कर गया है। जिला प्रशासन ने हालात को गंभीर मानते हुए लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की एडवाइजरी जारी कर दी है।

चंबल और माताटीला से छोड़ा गया पानी बना वजह

बाढ़ विभाग के अधिशासी अभियंता ने बताया कि 31 जुलाई को धौलपुर (राजस्थान) में चंबल नदी से 16 लाख क्यूसेक और माताटीला डैम से 3 लाख क्यूसेक पानी छोड़े जाने के कारण बलिया में बाढ़ की आशंका जताई गई थी, जो अब धीरे-धीरे वास्तविकता में बदलती दिख रही है।

गंगा पहुंची खतरे के निशान से ऊपर

गायघाट गेज स्टेशन पर गंगा का जलस्तर खतरे के निशान 57.615 मीटर को पार कर 59.10 मीटर पर पहुंच चुका है। अनुमान है कि यह जलस्तर आगे बढ़कर 60.39 मीटर तक पहुंच सकता है। नदी के निरंतर बढ़ते जलस्तर को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है।

प्रशासन की तैयारी और तैनाती

बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों में बाढ़ चौकियां, मानव चिकित्सक, पशु चिकित्सक, और एनडीआरएफ की टीमें तैनात कर दी गई हैं। प्रशासन लगातार हालात पर नज़र रखे हुए है और प्रभावित लोगों को राहत पहुंचाने की कोशिशें जारी हैं।

गांवों में तबाही, शहर में घुसा पानी

गंगा के बाढ़ का पानी दूबे छपरा, उदई छपरा, गोपालपुर, केहरपुर और चक्की नौरंगा जैसे गांवों में गहराई से घुस चुका है।

चक्की नौरंगा में सबसे अधिक तबाही दर्ज की गई है, जहां एक दर्जन से अधिक पक्के मकान गंगा में समा चुके हैं।

हजारों एकड़ कृषि भूमि जलमग्न हो चुकी है।

लोगों का पलायन जारी है और कई परिवार नावों के सहारे ही आना-जाना कर पा रहे हैं।

बलिया शहर के ये इलाके भी प्रभावित

बलिया शहर के निहोरा नगर, कृष्णानगर, गायत्री कॉलोनी, बेदुआ सहित कई निचले इलाकों में भी बाढ़ का पानी घुस चुका है। इन क्षेत्रों के लोगों को भी काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। कई घरों में पानी भर गया है और लोग ऊंचे स्थानों की ओर पलायन कर रहे हैं।

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